दर्दनाक हादसा जयपुर : प्रदेश की राजधानी जयपुर में दर्दनाक हादसे ने एक मां- बेटे की जान ले ली। यहां चाकसू में एक मां पैर फिसल जाने से कुए में गिरी गई, उसे बचाने के लिए बेटा भी कुएं में कूदा गया, लेकिन दुखद बात यह है कि दोनों की मौत हो गई।

दर्दनाक हादसा जयपुर

  • कुएं में गिरी मां तो बेटा बचाने के लिए कूदा, दोनों की मौत
  • 60 फीट गहरा था कुआं, चिल्लाते हुए बेटे ने लगाई थी छलांग
  • सिविल डिफेंस टीम के पहुंचने से पहले ही हो गई मौत

रामस्वरूप लामरोड़, जयपुर: प्रदेश की राजधानी जयपुर में रविवार 6 मार्च की सुबह दर्दना हादसे की खबर लेकर आई। यहां एक हादसे में मां बेटे की मौत हो गई। हादसा चाकसू थाना इलाके में आगरावाली की ढाणी में हुआ। मिली जानकारी के अनुसार 48 वर्षीय सोनी देवी पानी भरने के लिए कुए की मुंडेर पर खड़ी होकर पानी निकाल रही थी।

अचानक सोनी देवी का पैर फिसल गया और वह कुएं में गिर गई। हादसे का पता चलते ही सोनी देवी का बेटा गिर्राज प्रसाद प्रजापत भी मां को बचाने के लिए कुए में कूद गया। पानी में डूबने से मां बेटे दोनों की मौत हो गई।

दर्दनाक हादसा 60 फीट गहरा था कुआ, चिल्लाते हुए बेटे ने लगाई थी छलांग


हादसा सुबह साढे 10 बजे हुआ जब सोनी देवी अपने ही खेत में खुदे हुए पुराने कुएं से पानी निकाल रही थी। कुए की गहराई करीब 60 फीट थी। सोनी देवी के कुए में गिरने के बाद मां को बचाने के लिए 25 वर्षीय गिर्राज प्रसाद चिल्लाते हुए कुए में कूद गया।

दर्दनाक हादसा जयपुर

कुए में काफी पानी भरा हुआ था।

मां को बचाने के चक्कर में बेटा भी कुए में कूदा था, लेकिन पानी में डूबने के कारण दोनों की मौत हो गई। सूचना मिलने पर चाकसू थाना पुलिस मौके पर पहुंची। दोनों के शवों को चाकसू सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया। पोस्टमार्टम के बाद दोनों के शव को परिजनों को सौंप दिया गया।

Rajasthan me hadsa: दूल्हे समेत 9 बारातियों की मौत, नदी में तैर रहा था दूल्हे का साफा

kushinagar ka hadsa: कुशीनगर में कुएं में गिरने से 9 लड़कियों समेत 11 लोगों की मौत, शादी में छाया मातम

सिविल डिफेंस टीम के पहुंचने से पहले ही हो गई मौत
हादसे की सूचना मिलने पर जयपुर सिविल डिफेंस की टीम मौके के लिए रवाना हुई। चूंकि सिविल डिफेंस टीम को सूचना हादसे के काफी देर बाद करीब एक घंटे बाद मिली थी। महेन्द्र सेवदा की टीम मौके के लिए रवाना हुई। मौके पर पहुंचने से पहले ही स्थानीय लोगों और पुलिस ने दोनों शवों को बाहर निकाल लिया। ऐसे में सिविल डिफेंस की टीम बीच रास्ते से ही वापस लौट आई। सेवदा ने बताया कि सही समय पर सूचना मिल जाती तो दोनों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सकता था लेकिन देरी से सूचना मिलने के कारण मां-बेटे को बचाया नहीं जा सका।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *